Skip to main content
  • एस्ट्रो ज्योतिषवैदिक ज्योतिष
  • नई कुंडली
  • आज
  • सभी उपकरण
  • तकनीक-सूची
  • कुंडली
  • वर्ग कुंडली
  • के.पी. पद्धति
  • वर्षफल
  • तुलना
  • दशाएँ
  • बल
  • योग
  • जैमिनी
  • दोष
  • राशिफल
  • गोचर
  • घटना पूर्वानुमान
  • पंचांग
  • मुहूर्त
  • पर्व एवं कैलेंडर
  • चंद्र कला
    नया
  • कुंडली मिलान
  • अंक ज्योतिष
  • उपाय
  • नाड़ी
  • शिशु नाम
shatabhisha
  1. एस्ट्रो ज्योतिष
  2. नक्षत्र
  3. shatabhisha
एस्ट्रो ज्योतिष

सभी गणनाएं हमारे अपने सर्वर पर लाहिरी (चित्रपक्ष) अयनांश के साथ की जाती हैं, एक चाप-सेकंड से भी कम अंतर के साथ। कोई भुगतान API आवश्यक नहीं।

चार्ट और विश्लेषण

  • कुंडली
  • वर्ग कुंडली
  • दशाएँ
  • बल
  • कुंडली मिलान

पंचांग

  • पंचांग
  • मुहूर्त
  • त्योहार
  • राशिफल

कंपनी

  • सभी उपकरण
  • रिपोर्ट
  • लर्निंग सेंटर
  • गोपनीयता नीति
  • सेवा की शर्तें
  • संपर्क
  • रिफंड

© 2026 एस्ट्रो ज्योतिष. सर्वाधिकार सुरक्षित।

गणित इंजन द्वारा संचालित
आजकुंडलीउपकरणमंत्रप्रोफ़ाइल

शतभिषा नक्षत्र

Shatabhisha · 27 में से नक्षत्र #24 · राहु द्वारा शासित

स्वामी ग्रह
राहु
देवता
Varuna
प्रतीक
Empty circle
गण
Rakshasa
नाड़ी
Aadi
वर्ण
Kshatriya
योनि
Horse (Female)
नामाक्षर
गो, सा, सी, सू

अधिष्ठातृ देवता

इस स्तंभ के दो साक्षी हैं — एक, जिस रूप में परंपरागत ज्योतिष ग्रंथ देवता को देते हैं; दूसरा, तैत्तिरीय ब्राह्मण की नक्षत्रेष्टि (III.1.4-5), जो प्रत्येक नक्षत्र के देवता का नाम लेकर हवि निर्दिष्ट करती है। दोनों अलग-अलग दिखाए गए हैं, एक में मिलाए नहीं गए।

परंपरागत ग्रंथ
Varuna
तैत्तिरीय ब्राह्मण III.1
Varuna (वरुण)

यहाँ दोनों साक्षी एक ही देवता का नाम लेते हैं। सत्ताईस में से चार नक्षत्रों में वे भिन्न हैं — रोहिणी, पूर्व फाल्गुनी, उत्तर फाल्गुनी और मूल — यह उनमें से नहीं है।

व्यक्तित्व

उपचारक, करुणामय, दूरदर्शी। आध्यात्मिक और भौतिक दुनिया के बीच पुल।

करियर

चिकित्सा, उपचार, दान, तीर्थ यात्रा, संगीत, कला।

स्वास्थ्य

पैर, लसीका तंत्र। वातावरण के प्रति संवेदनशील।

संबंध

करुणामय, उपचारक साथी। जरूरतमंद साथी आकर्षित।

शक्तियाँ और कमज़ोरियाँ

Healing, compassion, visionEscapism, victimhood

आधुनिक नक्षत्र संश्लेषण - किसी शास्त्रीय ग्रंथ से नहीं।

पद एवं नामकरण

शतभिषा नक्षत्र के चार पद हैं जिनके प्रारंभिक अक्षर गो, सा, सी, सू हैं — वैदिक नामकरण पद्धति में इस नक्षत्र में जन्मे शिशु के नाम का शुभ प्रथम अक्षर चुनने के लिए इनका उपयोग होता है।

पद 1 · धनु नवांश

पद 1 धनु नवांश में - अग्नि तत्व, धर्म (उद्देश्य)। यह आशावाद, दर्शन और स्वतंत्रता-प्रेम जोड़ता है, शतभिषा की अभिव्यक्ति को धर्म (उद्देश्य) की ओर झुकाता है।

पद 2 · मकर नवांश

पद 2 मकर नवांश में - पृथ्वी तत्व, अर्थ (समृद्धि)। यह महत्वाकांक्षा, संरचना और स्थायी अनुशासन जोड़ता है, शतभिषा की अभिव्यक्ति को अर्थ (समृद्धि) की ओर झुकाता है।

पद 3 · कुम्भ नवांश

पद 3 कुम्भ नवांश में - वायु तत्व, काम (इच्छा)। यह मौलिकता, मानवतावादी आदर्श और स्वतंत्रता जोड़ता है, शतभिषा की अभिव्यक्ति को काम (इच्छा) की ओर झुकाता है।

पद 4 · मीन नवांश

पद 4 मीन नवांश में - जल तत्व, मोक्ष (मुक्ति)। यह कल्पनाशीलता, करुणा और आध्यात्मिक संवेदनशीलता जोड़ता है, शतभिषा की अभिव्यक्ति को मोक्ष (मुक्ति) की ओर झुकाता है।

और देखें

← धनिष्ठापूर्व भाद्रपद →शिशु नामनाड़ी पठनमुफ्त कुंडली

For educational purposes. Nakshatra interpretations are traditional and based on the Moon's birth star.